मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना छत्तीसगढ़ राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही एक महत्वपूर्ण योजना है, जिसका उद्देश्य पंजीकृत निर्माण श्रमिकों की अविवाहित पुत्रियों को आर्थिक सहायता प्रदान करना है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य इन पुत्रियों को सशक्त बनाना और उन्हें शिक्षा एवं स्वावलंबन की दिशा में प्रेरित करना है।
पात्रता:
- पंजीकृत निर्माण श्रमिक: योजना का लाभ केवल उन श्रमिकों की पुत्रियों को मिलेगा जो निर्माण श्रमिक के रूप में पंजीकृत हैं।
- अविवाहित पुत्री: श्रमिक की केवल अविवाहित पुत्रियाँ इस योजना के तहत लाभान्वित हो सकती हैं।
- आयु सीमा: पुत्रियों की आयु 18 वर्ष से 21 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
- शैक्षणिक योग्यता: पुत्री ने कम से कम 10वीं कक्षा उत्तीर्ण की हो।
आवश्यक दस्तावेज:
- पंजीयन परिचय पत्र: श्रमिक के पंजीकरण का प्रमाण पत्र।
- पुत्री का आधार कार्ड: आधार कार्ड पहचान के रूप में।
- पुत्री के बैंक पासबुक की कॉपी: बैंक खाते की जानकारी के लिए।
- जन्म प्रमाण पत्र: पुत्री की जन्मतिथि का प्रमाण।
- दसवी उत्तीर्ण अंक सूची: शैक्षणिक योग्यता का प्रमाण।
- नियोजन प्रमाण पत्र: श्रमिक का नियोजन प्रमाण पत्र।
- स्व-घोषणा प्रमाण पत्र: एक घोषणापत्र जिसमें श्रमिक अपनी पुत्री की पात्रता की पुष्टि करता है।
योजना के लाभ:
इस योजना के अंतर्गत पात्र पुत्रियों को एक निश्चित धनराशि आर्थिक सहायता के रूप में प्रदान की जाती है। इस सहायता राशि का उपयोग वे अपनी शिक्षा, कौशल विकास या स्वावलंबन के लिए कर सकती हैं।
आवेदन प्रक्रिया:
इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए आवेदन ऑनलाइन किया जा सकता है। आवेदन करने के लिए निम्नलिखित लिंक पर जाएँ: आवेदन करें
अन्य जानकारी:
- योजना वर्तमान में चल रही है और इच्छुक श्रमिक अपनी पुत्रियों के लिए आवेदन कर सकते हैं।
- आवेदन करते समय सभी आवश्यक दस्तावेजों को ध्यानपूर्वक अपलोड करें और सभी जानकारी सही-सही भरें।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य श्रमिकों की पुत्रियों को सशक्त बनाना और उन्हें शिक्षा एवं रोजगार के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करना है।

